उत्तराकशी में पर्वतारोहण और ट्रेकिंग व्यवसाय के लिए मार्च माह तक पर्वतारोहण और ट्रैकिंग के लिए सबसे अधिक बुकिंग विदेशी लोगों की आती थी। हर साल दस हजार पर्वतारोही उत्तरकाशी आते हैं, लेकिन पश्चिम एशिया संघर्ष के चलते पर्वतारोहण व ट्रैकिंग व्यवसाय पर पड़ा असर पड़ा है।गत एक माह से चल रहे अमेरिका-ईरान के युद्ध का असर पर्वतारोहण और ट्रेकिंग व्यवसाय पर भी पड़ रहा है। ट्रेकिंग व्यवसाय से जुड़े कारोबारियों का कहना है कि मार्च माह तक विदेशी ग्रुपों की सबसे अधिक बुकिंग आती है लेकिन इस वर्ष अभी तक कोई बुकिंग नहीं आई है। जो पुरानी बुकिंग थी, उन्हें भी होल्ड पर रखा गया है।गढ़वाल माउंटेनियरिंग ट्रेकिंग एसोसिएशन के अध्यक्ष जयेंद्र राणा ने बताया कि मार्च माह तक पर्वतारोहण और ट्रैकिंग के लिए सबसे अधिक बुकिंग विदेशी लोगों की आती थी। इसमें सबसे अधिक इस्राइल, अमेरिका, यूके और यूरोपियन देशों से लोग पर्वतारोहण और ट्रैकिंग के लिए आते हैं लेकिन अभी तक इन देशों से किसी प्रकार की जानकारी के लिए भी संपर्क नहीं किया गया है।
राणा ने कहा कि विदेशी पर्वतारोहियों के आने के बाद देश के विभिन्न प्रदेशों से भी पर्वतारोही और ट्रैकर्स अच्छी संख्या में आते हैं। साथ ही प्रति वर्ष जनपद में करीब दस हजार से अधिक विदेशी पर्वतारोहण और ट्रैकिंग के लिए पहुंचते हैं।
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