शाहिद कपूर पहले भी कई बार स्कूल आ चुके हैं, हाल में महेंद्र सिंह धोनी भी बच्चों की पढ़ाई के सिलसिले में पहुंचे थे मसूरी![]()
मसूरी: पहाड़ों की रानी मसूरी अब केवल पर्यटन के लिए ही नहीं, बल्कि देश के प्रतिष्ठित शैक्षणिक केंद्र (एजुकेशन हब) के रूप में भी तेजी से अपनी पहचान मजबूत कर रही है. इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बॉलीवुड अभिनेता शाहिद कपूर एक बार फिर अपनी पत्नी मीरा राजपूत कपूर और बच्चों मिशा कपूर व जैन कपूर के साथ मसूरी पहुंचे.
मसूरी आए अभिनेता शाहिद कपूर: इस बार भी उनकी यात्रा का उद्देश्य पर्यटन नहीं, बल्कि बेटी मिशा कपूर को शहर के प्रतिष्ठित स्कूल के समर प्रोग्राम में छोड़ना था. रविवार शाम शाहिद कपूर परिवार के साथ सीधे स्कूल पहुंचे, जहां उन्होंने बेटी मिशा का समर प्रोग्राम में दाखिला कराया. स्कूल के इस समर प्रोग्राम में देश-विदेश के करीब 151 विद्यार्थी हिस्सा ले रहे हैं. बेटी को छात्रावास में छोड़ने के बाद शाहिद कपूर परिवार सहित मुंबई लौट गए.
मसूरी से शाहिद का पुराना रिश्ता: यह पहला अवसर नहीं है, जब शाहिद कपूर अपनी बेटी की पढ़ाई के सिलसिले में मसूरी पहुंचे हों. इससे पहले भी वह कई बार स्कूल कार्यक्रमों और दाखिले से जुड़े अवसरों पर यहां आ चुके हैं. यही वजह है कि स्थानीय लोगों के बीच शाहिद कपूर की मसूरी यात्राएं अब परिचित सी हो गई हैं. स्कूल परिसर में उन्होंने कुछ समय बिताया और परिसर की प्राकृतिक सुंदरता का भी आनंद लिया. जैसे ही उनके पहुंचने की सूचना फैली, स्कूल परिसर और आसपास प्रशंसकों की भीड़ उमड़ पड़ी. हालांकि शाहिद कपूर ने मीडिया से दूरी बनाए रखी और कोई औपचारिक बातचीत नहीं की, लेकिन उन्होंने प्रशंसकों को निराश भी नहीं किया. मुस्कुराते हुए उन्होंने कई प्रशंसकों के साथ तस्वीरें खिंचवाईं और उनका अभिवादन स्वीकार किया.
सेलिब्रिटीज की पसंद बन रहे मसूरी के स्कूल: शाहिद कपूर की लगातार यात्राएं इस बात का संकेत हैं कि मसूरी के प्रतिष्ठित आवासीय स्कूल देश के नामी परिवारों की पहली पसंद बनते जा रहे हैं. हाल ही में भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी भी अपने परिवार के साथ बच्चों की शिक्षा के सिलसिले में मसूरी पहुंचे थे. धोनी की यात्रा ने भी राष्ट्रीय स्तर पर मसूरी के शैक्षणिक संस्थानों को चर्चा में ला दिया था. शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि मसूरी के बोर्डिंग स्कूलों की अनुशासित व्यवस्था, अंतरराष्ट्रीय स्तर का शैक्षणिक वातावरण, खेल एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियां, सुरक्षित परिसर और प्राकृतिक वातावरण देश-विदेश के अभिभावकों को आकर्षित कर रहे हैं. यही कारण है कि हर वर्ष देश के कई बड़े उद्योगपतियों, नौकरशाहों, खिलाड़ियों और फिल्मी हस्तियों के बच्चे यहां शिक्षा प्राप्त करने पहुंचते हैं.
पर्यटन के साथ शिक्षा का भी बढ़ रहा दायरा: एक समय मसूरी की पहचान केवल पर्यटन नगरी के रूप में थी, लेकिन अब यह शहर शिक्षा के क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बना चुका है. यहां स्थित प्रतिष्ठित आवासीय विद्यालयों में देश ही नहीं, बल्कि विदेशों से भी विद्यार्थी अध्ययन और समर प्रोग्राम के लिए आते हैं. इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था, होटल उद्योग और रोजगार के अवसरों को भी नई गति मिल रही है.
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