देहरादून में कांग्रेस नेता अपनी ही पार्टी के नेताओं के पोस्टर फाड़ रहे हैं. जिस को लेकर पार्टी नेता अब सफाई दे रहे हैं.
देहरादून: कांग्रेस पार्टी के भीतर अंतर्कलह और गुटबाजी समय-समय पर उभरकर सामने आती रहती है. कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के नसीहत के बाद भी जो तस्वीरें सामने आ रही है, वो आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी की मुश्किलें बढ़ा सकती हैं. कांग्रेस पार्टी के लिए अपने कुनबे (संगठन और नेताओं) को एकजुट रखना और उसका विस्तार करना एक बड़ी चुनौती है.
संकल्प यात्रा में कौलागढ़ क्षेत्र के स्थानीय कांग्रेसी नेताओं की अनदेखी किए जाने से नाराज ओबीसी विभाग की राष्ट्रीय कोऑर्डिनेटर पिया थापा भड़क गई और उन्होंने कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय पहुंचकर पार्टी के महानगर अध्यक्ष डॉक्टर जसविंदर गोगी का पोस्टर फाड़कर अपना विरोध जताया. दरअसल कांग्रेस नेत्री पिया थापा के क्षेत्र में संकल्प यात्रा होकर गुजरी, इस यात्रा में कांग्रेस पार्टी के चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष हरक सिंह रावत भी शामिल हुए, लेकिन इस यात्रा के संबंध में कोई भी जानकारी कांग्रेस पार्टी के गोरखा प्रकोष्ठ के अध्यक्ष और स्थानीय निवासी अनिल बस्नेत व कांग्रेस नेत्री पिया थापा को नहीं दी गई.
पिया थापा का कहना है कि उनके क्षेत्र में कार्यक्रम आयोजित होने के बावजूद नगर अध्यक्ष जसविंदर सिंह की ओर से उन्हें न तो यात्रा के बारे में अवगत कराया गया और न ही इसमें शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया. पिया थापा ने कांग्रेस भवन पहुंच कर सबसे पहले महानगर अध्यक्ष जसविंदर सिंह का पोस्टर फाड़कर अपना विरोध दर्ज कराया. इस घटना के बाद कांग्रेस भवन में पार्टी के भीतर चल रही आपसी अंतर्कलह एक बार फिर से देखने को मिली है.
इसको लेकर कांग्रेस पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता शीशपाल बिष्ट ने सफाई देते हुए कहा कि 2027 में होने जा रहे विधानसभा चुनाव के लिए कांग्रेस पार्टी पूरी तरह से तैयार है, और चुनाव को लेकर प्रदेश का नेतृत्व पूरी तरह से एकजुट है. पार्टी का केंद्रीय नेतृत्व भी उत्तराखंड को पूरी गंभीरता से ले रहा है. उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर किसी कार्यकर्ता ने किसी दूसरे कार्यकर्ता का पोस्टर फाड़ा भी है, तो इतने बड़े कांग्रेस परिवार में छोटे-मोटे मनमुटाव का होना कार्यकर्ताओं के बीच होना स्वभाविक है. उन्होंने कहा कि मामले का संज्ञान पार्टी लेगी, अगर कहीं कोई दिक्कत होगी तो पार्टी उसको दूर करने का पूरा प्रयास करेगी.
You may also like
-
उत्तराखंड में बीजेपी नेता का निधन, सीएम धामी ने जताया दुख, जानिए क्या कहा
-
उत्तराखंड में प्लास्टिक वेस्ट डंपिंग जोन का बनेगा मैप, पहली बार सैटेलाइट से पता चलेगा संवेदनशील क्षेत्र
-
चीन सीमा से सटी दारमा घाटी में लैंडस्लाइड का हाई रिस्क, 9% क्षेत्र अत्यधिक संवेदनशील, जोखिम क्षेत्र में 58 फीसदी आबादी
-
देहरादून में फिर दिखा रफ्तार का कहर, कार ने कई वाहनों को रौंदा, सब्जी की दुकान में घुसी
-
सोमेश्वर की बेटी ने खोली सरकार की पोल तो सोया सिस्टम जागा, रेखा आर्या ने लिखा पाती
